दिल्ली-एनसीआर में सोमवार, 12 अक्टूबर की सुबह तेज बारिश और आंधी ने लोगों को गर्मी से राहत तो मिली लेकिन इसके साथ ही मुश्किलें भी बढ़ा दीं। राजधानी के कई इलाकों में सड़कों पर जलभराव हो गया, जबकि नोएडा में भी सड़कों पर पानी भरने के कारण वाहनों की रफ्तार धीमी नजर आई। मौसम में आए इस अचानक बदलाव के बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने भारी बारिश, बिजली चमकने और तेज हवाओं को लेकर रेड अलर्ट जारी किया। दूसरी ओर, दिल्ली में प्रस्तावित राजनीतिक प्रदर्शन और यातायात प्रतिबंधों ने लोगों की परेशानी और बढ़ा दी।

60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं

मौसम विभाग ने दिल्ली के कई हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार, हवा की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। कुछ इलाकों में भारी बारिश की भी आशंका जताई गई। लगातार बारिश से तापमान में तेजी से गिरावट आई और मौसम अपेक्षाकृत ठंडा हो गया है। सड़कों पर हुए जलभराव के कारण पैदल यात्रियों और सुबह के वक्त ऑफिस के लिए निकले वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।

सफदरजंग में 40 मिमी, पालम में 30 मिमी बारिश दर्ज

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, सोमवार सुबह 5:30 बजे तक सफदरजंग वेधशाला में 40 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। वहीं, पालम स्थित दिल्ली एयरपोर्ट के मौसम केंद्र में इस दौरान 30 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई। आरके पुरम, कर्तव्य पथ और मध्य दिल्ली के अलावा दक्षिण-पूर्वी तथा पश्चिमी दिल्ली के कई इलाकों में भी तेज बारिश हुई। नोएडा के सेक्टर-95 में जलभराव की स्थिति देखने को मिली। कुछ स्थानों पर पानी जमा होने से वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई।

नोएडा एक्सप्रेसवे समेत कई रास्तों पर यातायात प्रभावित

बारिश और जलभराव का असर सड़क यातायात पर भी दिखाई दिया। नोएडा एक्सप्रेसवे पर महामाया फ्लाईओवर के पास दिल्ली की ओर जाने वाली सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लगीं। प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक की सुस्त रफ्तार के चलते मुसाफिरों को अपनी मंजिल तक पहुँचने में अधिक समय लग सकता है। स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने नागरिकों से जलजमाव वाले रास्तों से परहेज करने और खराब मौसम के बीच सतर्कता बरतने की अपील की है। गरज-चमक के समय खुले स्थानों पर रुकने से भी बचना चाहिए।

नवरात्र के आयोजनों पर मौसम का असर

शारदीय नवरात्र के दौरान मंदिरों और पूजा पंडालों में श्रद्धालुओं को बारिश के कारण दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। खुले स्थानों पर आयोजित कार्यक्रमों में तेज हवाएं और जलभराव व्यवस्थाओं को प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे में लोगों को घर से निकलने से पहले मौसम और यातायात संबंधी ताजा जानकारी देखने की सलाह दी जाती है। प्रशासन और मौसम विभाग के अगले अपडेट के अनुसार दिन के दौरान परिस्थितियों में बदलाव हो सकता है।