लखनऊ विकास प्राधिकरण की दो नई आवासीय योजनाएं—नैमिष नगर और वरुण विहार—आज से शुरू की जा रही हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शाम चार बजे इन दोनों योजनाओं का भूमि पूजन और शिलान्यास करेंगे। इसी कार्यक्रम के दौरान पांच अन्य अपार्टमेंट परियोजनाओं की भी शुरुआत होगी।
24 अक्टूबर तक चलेगी पंजीकरण की प्रक्रिया
दोनों योजनाओं में पहले चरण के तहत 4,500 से अधिक आवासीय भूखंडों के लिए पंजीकरण खोला जाएगा। पंजीकरण की प्रक्रिया 24 सितंबर से शुरू होकर 24 अक्टूबर तक चलेगी। नैमिष नगर योजना सीतापुर रोड के पास, जबकि वरुण विहार योजना आगरा एक्सप्रेसवे के नजदीक विकसित की जा रही है।
112.5 से लेकर 450 वर्ग मीटर तक के प्लॉट होंगे
आगरा एक्सप्रेसवे के नजदीक तेजी से विकसित होती वरुण विहार हाउसिंग योजना में अलग-अलग आकार के 2,847 प्लाट रखे गए हैं। इनमें 112.5 वर्ग मीटर से लेकर 450 वर्ग मीटर तक के प्लॉट शामिल हैं। इनकी दर 2,800 रुपये प्रति वर्गफुट निर्धारित की गई है। योजना करीब 6,580 एकड़ क्षेत्र में बनाई की जा रही है। एलडीए ने वरुण विहार को आगरा एक्सप्रेसवे से सीधे जोड़ने की योजना भी बनाई है। इसके लिए उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण को प्रस्ताव भेजा गया है। प्रस्ताव के तहत एक्सप्रेसवे से योजना में प्रवेश के लिए एक अलग रैंप तैयार किया जा सकता है।
नैमिष नगर में 1,673 भूखंड
सीतापुर रोड पर विकसित की जा रही नैमिष नगर योजना में कुल 1,673 प्लॉट रखे गए हैं। इनमें 72, 112.5, 162, 200, 288 और 450 वर्ग मीटर आकार के भूखंड शामिल हैं। यहां प्लॉट की कीमत 3,800 रुपये प्रति वर्गफुट तय की गई है। योजना करीब 4,100 एकड़ क्षेत्र में विकसित होगी।
पांच अपार्टमेंट परियोजनाओं का भी होगा शिलान्यास
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में एलडीए की पांच बहुमंजिला आवासीय परियोजनाओं की भी शुरुआत होगी। इनमें गोमतीनगर का लेक व्यू, बसंतकुंज का पार्क व्यू, ऐशबाग का ऐशबाग स्क्वायर, अनंतनगर का अदिति और शारदा नगर विस्तार का वागेश्वरी अपार्टमेंट शामिल है। इन परियोजनाओं के तहत कुल 4,150 फ्लैट बनाए जाने की योजना है।
कार्यक्रम के चलते यातायात व्यवस्था में बदलाव
नैमिष नगर और वरुण विहार के शुभारंभ कार्यक्रम को देखते हुए आसपास के इलाकों में यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। आगरा एक्सप्रेसवे के आसपास आने-जाने वाले वाहनों को कुछ स्थानों पर वैकल्पिक मार्गों से भेजा जाएगा। प्रशासन ने कार्यक्रम स्थल के आसपास भीड़ और वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने के लिए रूट डायवर्जन लागू किया है। एलडीए के अनुसार, इन दोनों आवासीय योजनाओं के शुरू होने से लखनऊ के विस्तार वाले क्षेत्रों में आवासीय और बुनियादी ढांचे के विकास को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। फिलहाल लोगों की नजर आज से शुरू होने वाली पंजीकरण प्रक्रिया पर है।