By Election 2026 News : पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु और पुडुचेरी की कुल 6 सीटों पर उपचुनाव के लिए वोट डाले जा रहे। मतदान की प्रक्रिया जारी रहने के बीच कई जगहों से पुलिसिया कार्रवाई और धांधली के गंभीर आरोप सामने आ रहे हैं। जिन विधानसभा सीटों पर आज मतदान हो रहा है, उनमें पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर, तमिलनाडु की मदुरंतकम व धारापुरम, और पुडुचेरी की थट्टानचावडी शामिल हैं। इसके अलावा असम की नगांव लोकसभा सीट पर भी वोटिंग चल रही है। इन सभी सीटों पर पड़े वोटों की गिनती 9 अक्टूबर को होगी और उसी दिन नतीजे घोषित किए जाएंगे।

दोपहर 1:30 बजे तक कितना मतदान?

असम : नगांव-लोस सीट- 56.35 प्रतिशत 

पुदुचेरी : थट्टनचावडी विस सीट - 56.27 प्रतिशत

तमिलनाडु : मदुरांतकम विस सीट - 55.19 प्रतिशत

तमिलनाडु : धारापुरम विस सीट - 56.09 प्रतिशत

पश्चिम बंगाल : रेजीनगर विस सीट - 56.43 प्रतिशत

पश्चिम बंगाल : नंदीग्राम विस सीट - 60.32 प्रतिशत

हुमायूं कबीर पुलिस हिरासत में, बेटे ने लगाए साजिश के आरोप

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में चुनावी हलचल के बीच बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला। आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) के संस्थापक और विधायक हुमायूं कबीर को पुलिस ने उनके पार्टी दफ्तर से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई चुनाव के दौरान गड़बड़ी फैलाने की शिकायतों के बाद की गई है। हुमायूं कबीर के बेटे और रेजीनगर सीट से प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे गुलाम नबी आजाद (गुलाम अली अहमद) ने इस कार्रवाई को पूरी तरह राजनीतिक साजिश करार दिया है। उनका कहना है कि अगर मतदान निष्पक्ष माहौल में कराया जाए तो उनकी जीत पक्की है। उन्होंने आरोप लगाया कि स्थानीय पुलिस और प्रशासन मिलकर वोटरों को डरा रहे हैं ताकि वे मतदान केंद्र तक न पहुंच सकें। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में उनकी मुख्य प्रतिस्पर्धा केवल भारतीय जनता पार्टी से है। इससे पहले हुमायूं कबीर ने भी पुलिस की कार्यशैली से नाराज होकर खुद को प्रचार से अलग कर लिया था और इस संबंध में चुनाव आयोग से लिखित शिकायत भी दर्ज कराई थी।

नंदीग्राम में अंतिम समय पर बदले गए थाना प्रभारी

नंदीग्राम सीट पर मतदान की पूर्व संध्या पर निर्वाचन आयोग ने बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया। चुनाव आयोग ने नंदीग्राम थाने के तत्कालीन प्रभारी अजय कुमार मिश्रा को पद से हटाकर उनकी जगह देबाशीष सरकार को नया थाना प्रभारी (आईसी) नियुक्त किया। विपक्षी राजनीतिक दलों ने आयोग से शिकायत दर्ज कराई थी कि पूर्व थाना प्रभारी सत्ताधारी दल के पक्ष में काम कर रहे हैं। निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव कराने के उद्देश्य से आयोग ने यह कदम उठाया।

विपक्ष और प्रत्याशियों की शिकायतें

नंदीग्राम से चुनाव मैदान में उतरे कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान ने आरोप लगाया है कि उनके पोलिंग एजेंटों को डराया-धमकाया जा रहा है और उन्हें मतदान केंद्रों से जबरन हटाया जा रहा है। दूसरी ओर पश्चिम बंगाल भाजपा के अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने हुमायूं कबीर की गिरफ्तारी का समर्थन करते हुए कहा कि पुलिस ने सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने और तनाव फैलाने वाले तत्वों पर सही समय पर कार्रवाई की है। उन्होंने दावा किया कि नंदीग्राम और रेजीनगर दोनों ही सीटों पर भाजपा भारी अंतर से जीत दर्ज करेगी। वहीं, राज्य सरकार के मंत्री दिलीप घोष ने भी अपनी जीत का दावा दोहराया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता विकास और बेहतर कानून-व्यवस्था के नाम पर मतदान कर रही है, इसलिए परिणाम उनकी पार्टी के पक्ष में ही आएगा।

रेजीनगर में बहुकोणीय और दिलचस्प मुकाबला

रेजीनगर सीट का समीकरण काफी दिलचस्प है। यह एक मुस्लिम बहुल इलाका है, जहां भाजपा प्रत्याशी शंकराव सरकार को छोड़कर बाकी सभी प्रमुख प्रत्याशी मुस्लिम समुदाय से हैं। इस सीट पर भाजपा, कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, सीपीआई(एम) और आम जनता उन्नयन पार्टी के बीच बहुकोणीय मुकाबला देखा जा रहा है। यहां कांग्रेस से मोहम्मद अब्दुल्लाहिल काफी और टीएमसी से रबीउल आलम चौधरी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।